Navodaya gov in Result 2026 दर्रामुड़ा की होनहार बेटा राहुल पटेल ने किया कमाल, सैनिक स्कूल के बाद अब नवोदय विद्यालय में भी हासिल की सफलता

 रॉबर्टसन : खरसिया विकासखंड अंतर्गत आने वाले छोटे से गाँव दर्रामुड़ा की प्रतिभाशाली छात्र राहुल पटेल ने एक बार फिर अपनी काबिलियत और मेहनत से सबको चौंका दिया है।इससे पहले सैनिक स्कूल की प्रतिष्ठित परीक्षा में चयनित होकर उसने अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया था, और अब नवोदय की कठिन प्रवेश परीक्षा में सफलता प्राप्त कर पूरे क्षेत्र का नाम रोशन किया है। हाल ही में घोषित नवोदय विद्यालय के परिणाम में राहुल  ने चयनित होकर यह सिद्ध कर दिया है कि संकल्प, लगन और परिश्रम से कोई भी लक्ष्य दूर नहीं।


राहुल को मिला पारिवारिक सहयोग और गुरुजनों का मार्गदर्शन


एक साधारण परिवार में जन्म लेने वाले राहुल पटेल जिनके  पिता तेजप्रकाश पटेल शारदा एनर्जी कंपनी में सामान्य कर्मचारी हैं, परंतु उन्होंने अपनी बेटे के सपनों को पंख देने में कोई कसर नहीं छोड़ी। सीमित संसाधनों के बावजूद राहुल को मिला पारिवारिक सहयोग और गुरुजनों का मार्गदर्शन उसकी सफलता की नींव बना। उसकी इस उपलब्धि ने यह साबित कर दिया है कि प्रतिभा किसी जाति, वर्ग या संसाधनों की मोहताज नहीं होती – यह ईश्वर की कृपा और कड़ी मेहनत का परिणाम है।






पुत्री टिया पटेल का भी चयन नवोदय विद्यालय और सैनिक स्कूल 



  इससे पहले पिछले वर्ष तेज पटेल के पुत्री टिया पटेल का भी चयन नवोदय विद्यालय और सैनिक स्कूल में  हो चुकी है और  वर्तमान में नवोदय विद्यालय में अध्ययनरत है।

 शैक्षणिक उपलब्धियों की बात करें तो राहुल और  टिया दोनों भाई बहनों का प्रदर्शन शुरू से ही उत्कृष्ट रहा है। हर कक्षा में वह अव्वल स्थान पर रहे है। राहुल पटेल अपने क्षेत्र के आसपास के बहुत से प्रतियोगी परीक्षा में भाग लेकर कई बार पुरस्कार प्राप्त कर चुके है।वर्तमान में राहुल पटेल एकेडमिक पब्लिक स्कूल रजघटा (खरसिया) में कक्षा पांचवी में अध्ययनरत है। उसकी यह उपलब्धि न केवल उसके परिवार के लिए, बल्कि पूरे गाँव और क्षेत्र के लिए गौरव का विषय है।


हौसले बुलंद हों, तो कोई भी सपना अधूरा नहीं रहता।



 राहुल का सपना है कि वह देश सेवा के क्षेत्र में आगे बढ़े और कुछ बड़ा करे। उसकी लगन और मेहनत को देखकर यह निश्चित कहा जा सकता है कि वह भविष्य में जरूर ऊँचाइयों को छुएगा और अपने गाँव, जिले तथा प्रदेश का नाम और रोशन करेगा। राहुल और टिया की कहानी आज की बच्चों  के लिए प्रेरणा बन गई है कि अगर हौसले बुलंद हों, तो कोई भी सपना अधूरा नहीं रहता।


उनकी इस सफलता में परिवार जनों के अलावा आई पी कुर्रे सर,दिलेश्वर डनसेना नितेश निषाद, टिकेश्वर पटेल, सूरज केवट के साथ साथ अन्य बहुत से लोगों का विशेष मार्ग दर्शन रहा है।
जिनके उचित मार्ग दर्शन और सही रणनीति के बदौलत राहुल ने ये सफलता प्राप्त किया है।

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